नीम के फायदे

हमारे देश में कई प्रकार के पेड जैसे बबूल, नीम, और पीपल को ओषधियों के निर्माण के लिए प्रयोग किया जाता है | लेकिन नीम का प्रयोग ओषधि निर्माण में बहुत समय से हो रहा है और अपने एंटी बैक्टीरियल गुणों की वजह से इसे त्वचा सम्बन्धी रोगों, दांतों की समस्याओं और बहुत से रोगों के उपचार में प्रयोग किया जाता है | आइये जानते हैं नीम के फायदे जिनके बारे में जानकर आप भी स्वास्थ्य लाभ उठा सकते हैं |

पेड हमारे जीवन के मुख्य अंग के समान है | इनसे हमें जीवित रहने के लिए ऑक्सीजन मिलती है लेकिन वर्तमान युग में इंसान इनके गुणों की अनदेखी करके इनको  अंधाधुंध तरीके से काटता जा रहा है | इंसान ये भूल गया है जीने के लिए पैसे से भी ज्यादा जरूरी है ऑक्सीजन |

ये भी पढ़ें: मुलेठी के फायदे

नीम के फायदे
नीम के फायदे

नीम का पेड़ ऑक्सीजन के साथ साथ हमें बहुत से दूसरे फायदे भी पहुंचाता है | नीम की जड़ों, पत्तों, फलों, शाखाओं को कई तरह के स्वास्थ्य सम्बन्धी रोगों के उपचार में  प्रयोग किया जाता है |

नीम के पत्तों में बैक्टीरिया और वायरस से लड़ने के गुण पाए जाते हैं | नीम के फल यानि निमोली से बहुत सी आयुर्वेदिक दवाएं बनाई जाती हैं |

नीम की शाखाए हमारे दन्त मंजन के रूप में प्रयोग होती है और इनसे भी बहुत सी दवाओं का निर्माण किया जाता है | आइये जानते हैं नीम के फायदों के बारे में |

नीम के फायदे

त्वचा सम्बन्धी रोगों में लाभकारी

नीम बहुत से त्वचा सम्बन्धी रोगों में लाभकारी होता है | नीम के पत्तों में एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं जो त्वचा सम्बन्धी विकारों को दूर करते हैं | अगर आपके शरीर पर फोड़े फुन्सी हो गए हैं या त्वचा पर दाद और खुजली की समस्या है तो नीम के पत्तों का पेस्ट प्रयोग कर सकते हैं |

इसे बनाने के लिए 8 -10 नीम के पत्ते ले | इनको अच्छे से पीस कर इसका पेस्ट बना लीजिये |  इस पेस्ट को अपने बदन पर लगाईये और कुछ देर तक सूखने दे | फिर उसके बाद गुनगुने पानी से अच्छी तरह धो लीजिये |

इस विधि का प्रयोग एक महीने तक करें इससे आपके फोड़े फुन्सी ठीक हो जाएंगे और आपको त्वचा संबधी बहुत सी समस्याओं से छुटकारा मिलेगा |

बालों की रुसी दूर करती है

अगर बालों में रुसी की समस्या है और बाल बहुत ज्यादा गंदे हो गए हैं तो नीम की पत्तियों के पानी का प्रयोग कीजिये | इससे रुसी, गंदे बाल, स्कैल्प के इन्फेक्शन और बालों की जुओं से भी छुटकारा मिलता है |

इसके लिए नीम की कुछ मुलायम पत्तियां ले | इन्हे दो गिलास पानी में उबाल लीजिये और पत्तियों का रंग उत्तर जाने तक इसे उबालते रहे |

अब इस पानी को ठंडा कीजिये | इसे बालों पर प्रयोग करने से पहले बालों को अच्छी तरह से शैम्पू से धो ले, उसके बाद नीम की पत्तियों के पानी से सिर को धो लीजिये |

इस विधि का प्रयोग हफ्ते में दो बार करें | इससे बालों की रुसी, गंदगी और बालों की जुएं ख़तम हो जाएंगी |

दांतों की समस्याओं में लाभकारी

नीम की शाखा और पत्तों का प्रयोग दाँत और मसूड़ों संबधी रोगों को ठीक करने में भी किया जाता है | आजकल बहुत से टूथपेस्ट में नीम मिलाए जाने के विज्ञापन आप टीवी पर देख सकते हैं |

दांत में कीड़ा लगने पर और दाँत में दर्द होने पर नीम के पत्तों के रस का प्रयोग कीजिये |

इसे बनाने के लिए नीम के कुछ पत्ते ले | इन्हे अच्छी तरह पीस कर इनका रस निकाल लीजिए और दांत के दर्द वाले हिस्से में एक -एक घंटे के अंतराल में लगाते रहिये | कुछ देर बाद दांत में दर्द दूर हो जायेगा |

इसके इलावा नीम के पत्तों का पेस्ट लगाने से भी दन्त में लगा कीड़ा खत्म हो जाता है |

यदि मसूड़ों और दांतों में खून आ रहा हो तो सुबह शाम नीम के पेस्ट से दांत और मसूड़े साफ कीजिये | नीम के पेस्ट में कुछ जरूरी तत्व पाए जाते हैं जो दांतों और मसूड़ों  की मजबूती को बनाए रखने में सहायक होते हैं |

शरीर से विषैले पदार्थों को बाहर निकालता है

नीम के फलों का सेवन शरीर में फैले विषैले पदार्थों को बाहर निकालने में सहायक होता है | नीम के फल को निमोली कहते हैं | नीम का फल खाने में कुछ कड़वा होता है | इसके सेवन के लिए नीम के 4 -5  फल लीजिये |

इनका गुद्दा अलग करके ऱस  को एक बर्तन में  निकाल लीजिये और इसे  मीठा करने के लिए थोड़ी सी शहद और घी की मात्रा डालिये और इसका सुबह खाली पेट सेवन कीजिये |

निमोली का रस हमारे पाचन तन्तर और मूत्र प्रणाली को स्वस्थ बनाए रखने में मदद करता है | शरीर में किसी हिस्से पर फोड़ा फुंसी हो जाने पर इसका कुछ दिन सेवन  करने से सही हो जाती है|

त्वचा में निखार लाता है

नीम के पत्तों का पाउडर का प्रयोग त्वचा के निखार के लिए भी किया जाता है | यदि हमारी आँखों के नीचे काले घेरे पड़ गए हो तो नीम के पाउडर को लगाने से यह काले  घेरे दूर हो जाते है |

इसे बनाने के लिए नीम के कुछ पत्ते लेकर इनको अच्छी तरह से पीस कर चूरन बना ले | अब इसमें पानी की 4 -5  बूंदे  मिला कर एक मिश्रण तैयार कर ले |

बेहतर असर के लिए इसमें निम्बू के रस की 3 -4 बूंदे भी मिला सकते हैं | इस मिश्रण को 10 -15 मिनट के लिए आँखों के नीचे काले घेरे पर लगाएं और सूखने दीजिए और कुछ देर बाद साफ पानी से आँखों के नीचे स्किन को धो लीजिये | इसे लगाने से कुछ ही दिनों आप बहुत फर्क महसूस करेंगे |

नाखूनों के रोग दूर करता है

नाख़ून सम्बन्धी रोग होने पर नीम के तेल का प्रयोग कर सकते हैं यह हमारे नाख़ून में संक्रमण होने से रोकता है और मजबूती प्रदान करता है |

इसे बनाने के लिए नीम के कुछ पत्ते ले | इसको सरसों के तेल या जैतून के तेल में अच्छी तरह से गरम कर ले | पत्तों के पीले हो जाने के बाद इसे तेल से अलग कर लें | ठंडा  हो जाने के बाद इस तेल को नाखून पर लगाएं |

पैर के नाख़ून के कवक के इलाज के लिए नीम के तेल का प्रयोग सुबह शाम एक महीने तक करें |

नीम के तेल में  एंटीसेप्टिक और एंटीबायोटिक गुण पाए जाते है | यदि हमारे शरीर के किसी हिस्से में चोट लगने से गहरा घाव हो गया है, तो नीम के तेल की कुछ बूंदे रुई में  भिगोकर लगाएं | इससे बहुत जल्दी घाव सुख  जाएगा |

शरीर की गाँठ में फायदेमंद

यदि शरीर पर किसी प्रकार की गाँठ हो गयी है इसके लिए भी आप नीम के पत्तों के पानी का प्रयोग कर सकते हैं | इसे बनाने के लिए नीम के कुछ पत्ते ले | उन्हें एक गिलास पानी में उबाल लें |

पानी को अच्छी तरह उबालने के बाद उन्हें पानी से निकालकर अच्छी तरह पीस लें और इसमें थोड़ा सा गुड़ मिला कर एक गुठली बना लीजिये और इसे गांठ वाली जगह पर बांध लीजिये | इस विधि का प्रयोग 4 -5 दिनों के लिए कीजिये | नीम का यह नुस्खा  गांठ को दूर करने में मदद करता है |

जहर को कम करता है

यदि आप को अनजाने में किसी सांप ने काट लिया है तो नीम की पत्तियों का रस रोगी को थोड़ी थोड़ी देर तक पिलाते रहे | नीम के पत्तों का रस सांप के काटने से पैदा हुए  ज़हर को कम कर देता है |

मुंह के छालों को ठीक करती है

यदि आप मुँह में छाले की समस्या से ग्रसित है तो 4 -5 नीम की पत्तियां लेकर दिन में  2 -3 बार मुँह में चबाएं इससे मुँह में छाले की समस्या कुछ ही दिनों में दूर हो जाएगी |

ये भी पढ़ें

Please follow and like us:

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Facebook
Facebook
Google+
Google+
https://oldayurveda.com/neem-ke-fayde">
Twitter